लखनऊ, 14 अप्रैल 2026: ईरान ने बहरीन, सऊदी अरब, कतर, संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) और जॉर्डन से युद्ध में हुए जान-माल व संपत्ति के नुकसान की भरपाई के लिए मुआवजा मांगा है। संयुक्त राष्ट्र में ईरान के स्थायी प्रतिनिधि आमिर-सईद इरवानी के हवाले से ईरानी आधिकारिक एजेंसी IRNA ने बताया कि इन देशों ने अमेरिका और इजरायल के साथ मिलकर ईरान के खिलाफ हमले किए, जिससे नैतिक नुकसान भी हुआ।
यह मांग मध्य पूर्व में ईरान-अमेरिका-इजरायल तनाव के बीच आई है, जहां पहले भी ईरान ने युद्ध क्षतिपूर्ति और प्रतिबंध हटाने की शर्तें रखी थीं। विशेषज्ञों का मानना है कि इससे क्षेत्रीय कूटनीति में नई खींचतान बढ़ सकती है, जो भारत जैसे देशों के ऊर्जा आयात और वैश्विक तेल कीमतों पर असर डाल सकती है।
भारतीय जनता के लिए यह खबर महत्वपूर्ण है क्योंकि मध्य पूर्वी तनाव से पेट्रोल-डीजल के दामों में उछाल आ सकता है, जो पहले ही महंगाई का कारण बन चुका है। सरकार को अब क्षेत्रीय स्थिरता के लिए सक्रिय कूटनीति अपनानी पड़ सकती है।
ईरान का मध्य पूर्व के 5 देशों पर मुआवजे का दावा: अमेरिका-इजरायल से सांठगांठ का आरोप





