जम्मू कश्मीर की राजनीतिक एवं गैर राजनीतिक खबर साथ में लद्दाख और सोनम वांगचों की पूरी न्यूज़ सुप्रीम कोर्ट द्वारा केंद्र बार राज्य सरकार से जवाब तलबी कहां तक पहुंची जेल में सोनम वांगचुक क्या कर रहे हैं अपने प्रदेश के युवाओं के लिए क्या मैसेज दिया
जम्मू-कश्मीर की राजनीतिक और गैर राजनीतिक खबरों में राज्य में अस्थिरता की संभावना को लेकर मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला और भाजपा के बीच तीखी बयानबाजी हुई है। भाजपा ने उमर अब्दुल्ला पर भड़काऊ बयानबाजी के साथ राजनीतिक स्वार्थ के लिए अस्थिरता फैलाने का आरोप लगाया है। इसके अलावा, कांग्रेस और नेशनल कॉन्फ्रेंस जम्मू-कश्मीर की राज्यसभा सीटों को लेकर तालमेल बना रहे हैं और राज्य का दर्जा वापसी पर जोर दे रहे हैं, साथ ही बाढ़ राहत पर भी ध्यान केंद्रित कर रहे हैं[1][3][5].
लद्दाख और सोनम वांगचुक संबंधित खबरों में, सोनम वांगचुक को 26 सितंबर 2025 को लद्दाख में राज्य का दर्जा देने और छठी अनुसूची में शामिल करने के लिए हुए विरोध प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिया गया था। उनकी एनएसए (राष्ट्रीय सुरक्षा कानून) के तहत गिरफ्तारी के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई थी। सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में केंद्रीय सरकार, लद्दाख प्रशासन और जोधपुर जेल प्रशासन से जवाब तलब करते हुए आगे की सुनवाई 14 अक्टूबर 2025 के लिए निर्धारित की है। फिलहाल सोनम वांगचुक को सुप्रीम कोर्ट से कोई राहत नहीं मिली है। जेल से भेजे गए अपने संदेश में उन्होंने लोगों से शांतिपूर्ण तरीके से संघर्ष जारी रखने का आग्रह किया है और न्यायिक जांच की मांग की है[2][4][6][10].
### सारांश
– जम्मू-कश्मीर में राजनीतिक अस्थिरता की चिंता बनी हुई है, भाजपा और अन्य पार्टियों के बीच बयानबाजी जारी है।
– कांग्रेस और नेशनल कॉन्फ्रेंस राज्य का दर्जा पाने की मांग पर केंद्रित हैं।
– लद्दाख में सोनम वांगचुक की एनएसए के तहत गिरफ्तारी पर सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र और लद्दाख प्रशासन से जवाब मांगा है।
– सोनम वांगचुक जेल से युवाओं को शांतिपूर्ण संघर्ष का संदेश दे रहे हैं और न्यायिक जांच की मांग कर रहे हैं





