समाजवादी पार्टी महाराष्ट्र प्रदेश अध्यक्ष वर्तमान विधायक अबू आज़मी ने बताया कि कोल्हापुर में गजापुर मुस्लिमवाड़ी मस्जिद पर हुई सांप्रदायिक हिंसा का आज जाएज़ा लिया। एक नियोजित कार्यक्रम के तहत इस मस्जिद को निशाना बनाया गया और साथ ही वहां रह रहे मुस्लिम समुदाय के घरों और कारोबार को भारी नुक्सान पहुंचाया गया। हिंसा के दौरान पुलिस कि भूमिका ये सोशल मीडिया पर बखूबी दिखाई दी थी लेकिन आज साक्षीदारों ने कानून व्यवस्था की तस्वीर और साफ़ करदी है। हिन्दुत्वादी संघटनो द्वारा ये हिंसा पूरी तरह नियोजित कि गई थी, सोशल मीडिया पर काफी समय पहले से प्रचार कर के लोगों को भड़काया गया था। जो हिंसाकारी पकडे गए उनपर भारीतय न्याय सहिंता की मामूली कलम तहत कार्रवाई की जो आज या कल आसानी से जेल के बहार आजाएंगे।
इस सांप्रदायिक हिंसा में नुक्सान तो मुस्लिम समुदाय का ज़्यादा हुआ, धर्म स्थलों, दुकानों को तोडा गया, साथ ही अन्य धर्मों के लोग जो इस जगह रहते थे और इसी जगह पर अपने छोटी-मोठे कारोबार पर निर्भर थे उन्हें भी उजाड़ दिया गया। आज उन सभी पीड़ित परिवारों से मुलाकात की और उनकी समस्याओं को दर्ज कर उनकी तकलीफ बांटने की कोशिश की।
मेरी सरकार से पुरज़ोर मांग है की – दंगाइयों के खिलाफ BNS 307 और (अन्य), UAPA, MCOCA, Anti Terrorism Law के तहत कार्रवाई कि जाए, हर पीड़ित को 50 लाख का मुआफज़ा दिया जाए, गजापुर मुस्लिमवाड़ी मस्जिद कि पूरी मरम्मत सरकारी खर्च से की जाए, और सब से अहम् हिंसा के दिन बड़े से लेकर छोटे उन सभी पुलिस अफसरों पर कड़ी कार्रवाई की जाए जिन्हों ने सबकुछ होते हुए देखा और आँखे बंद करके इस हिंसा को होने दिया।





