रिपोर्टर अली मीसम की कवरेज-
हाल ही में शिया पी0जी0 काॅलेज की कल्चरल कमेटी के कन्वेनर डा0 सरवत तकी़ व डा0 ज़रीन ज़हरा रिज़वी ने बताया कि जूम ऐप के जरिये एक मुशायरे का इन्एका़द प्रो0 अजी़ज़ हैदर की सदारत में हुआ जिसकी शुरूवात डा0 एजा़ज़ अतहर ने तिलावते कुर्आन से और इफ़्तेताह मौलाना यासूब अब्बास ने शमा रौशन करके किया। प्रोग्राम की निज़ामत डा0 सरवत तक़ी ने की। मुशायरे की शुरुवात तुराब नक़वी तालिबे इल्म शिया कालेज ने नात से की। शोअराए केराम का तअर्रुफ़ डा0 ज़रीन जे़हरा ने कराया और महमानों का इस्तेक़बाल कालेज मैनेज़र अब्बास मुर्तजा़ शम्सी ने किया। जिन महमान शोअराए केराम ने कलाम पेश किया वह इस तरह से है-
किसी से कोई शिकायत इख़्तेलाफ़ कोई हमारे दिल से हमेशा दुआ निकलती है।
*डा0 नाशिर नक़वी अमरोहवी*
गो बाजाहिर हाथ उसके खून आलूदा नही नफ़रतों की आग लेकिन उसने भड़काई बहुत
*डा0 बेबाक अमरोहवी*
दिल हमारा जले तो ऐसे जले सारे आलम में रोशनी हो जाए
*मोहतरमा रुख़सार कमाल अमरोहवी*
*म़कामी शोअरा:-*
सर उठाए हैं जो सर उसको झुकाना होगा इसका ऐलान कोरोना की ये बीमारी है
*इ0 शमूम आरफी़ लखनवी*
दुश्मनो के लिये खुदा की कसम मिस्ले खंजर हैं आपकी आँखें
*सेक्रेटरी मजलिस उल्माए हिन्द डा0 यासूब अब्बास लखनवी*
मुशाएरे के इख़तेताम व मुतवली होने व इज़हारे तशक्कुर कालेज मैनेजर अब्बास मुर्तजा शम्सी ने किया। इस वेबिनार मुशायरे में बडी़ तादात में टीचर्स और मोअज्जिज हज़रात ने शिरकत की। जिसमे डा0 अबू तैयब, डा0 एस0 एस0 हसनैन, डा0 जमाल, डा0 परवेज मसीह, डा0 शबीह रजा़, डा0 प्रदीप शर्मा वगैरह मोजूद थे।OK