लखनऊ, 7 अप्रैल 2026: उत्तर प्रदेश सरकार की योगी कैबिनेट ने आज मंगलवार को हुई बैठक में 22 महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दे दी है। इन फैसलों में शिक्षामित्रों और अनुदेशकों के मानदेय में भारी बढ़ोतरी सबसे प्रमुख है, जिससे लाखों शिक्षक सहायकों को बड़ी राहत मिलेगी। इसके अलावा, प्रदेश के 52 जनपदों में परिवहन व्यवस्था को सशक्त बनाने के उद्देश्य से 49 आधुनिक बस अड्डों का निर्माण पीपीपी मॉडल पर करने का मार्ग प्रशस्त कर दिया गया है। ये बस अड्डे एयरपोर्ट की तर्ज पर विकसित किए जाएंगे।
शिक्षामित्रों के मानदेय में जबरदस्त इजाफा
कैबिनेट ने शिक्षामित्रों के मानदेय को मौजूदा 15,500 रुपये से बढ़ाकर 25,000 रुपये प्रति माह करने का फैसला किया है। इसी तरह, अनुदेशकों का मानदेय भी 20,000 रुपये से बढ़ाकर 30,000 रुपये मासिक कर दिया गया। इस निर्णय से प्रदेश भर में कार्यरत करीब 1.5 लाख शिक्षामित्र और अनुदेशक लाभान्वित होंगे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि शिक्षकों का सम्मान ही राष्ट्र निर्माण का आधार है। यह बढ़ोतरी 1 अप्रैल 2026 से प्रभावी होगी।
49 आधुनिक बस अड्डों का निर्माण, एयरपोर्ट जैसी सुविधाएं
परिवहन विभाग के प्रस्ताव को मंजूरी मिलने से उत्तर प्रदेश के 52 जिलों में 49 स्थानों पर विश्वस्तरीय बस अड्डे बनाए जाएंगे। ये अड्डे पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (पीपीपी) मॉडल पर विकसित होंगे, जिसमें एयरपोर्ट जैसी सुविधाएं जैसे वाई-फाई, एसी वेटिंग लाउंज, पार्किंग, ई-टिकटिंग काउंटर, सीसीटीवी निगरानी और खान-पान की दुकानें शामिल होंगी। इस परियोजना से यात्रियों को बेहतर और सुरक्षित यात्रा अनुभव मिलेगा। कैबिनेट सचिव दुर्गा शंकर मिश्रा ने बताया कि इससे रोजगार सृजन के साथ-साथ परिवहन व्यवस्था में क्रांति आएगी।
अन्य महत्वपूर्ण फैसले
कैबिनेट ने ग्रामीण क्षेत्रों में सड़क निर्माण के लिए 500 करोड़ रुपये का बजट बढ़ाने, स्वास्थ्य सेवाओं में डिजिटल化 को बढ़ावा देने और किसानों के लिए नई सब्सिडी योजना को भी हरी झंडी दे दी। ये फैसले प्रदेश की विकास योजनाओं को गति देंगे।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बैठक के बाद कहा कि ये निर्णय जनकल्याण और विकास के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाते हैं।
योगी कैबिनेट का बड़ा फैसला: शिक्षामित्रों के मानदेय में भारी बढ़ोतरी, एयरपोर्ट जैसे बनेंगे यूपी के 49 बस अड्डे





