रमज़ाने मुबारक की सभी को मुबारकबाद
इस पवित्र महीने में कुराने पाक नाजिल हुआ, और हम पर रोजे फ़र्ज़ कर दिए गए है ।
क़ुराने पाक के सूरह बक़रा की आयत नंबर 183 में कहा गया है,
“ऐ ईमान वालों! तुम पर रोज़े फ़र्ज़ किए गए हैं,
जिस तरह तुमसे पहले लोगों पर भी फ़र्ज़ किए गए थे,
ताकि तुम मुत्ताकी(धार्मिक हो जाओ ) और परहेजगार बन जाओ।”
इस पाक महीने से हम धर्म का पालन करना हमेशा के लिए सीख जाए, और गरीबों, मोहताजों, मिस्किनों, मुसाफिरों, यतीम, वृद्धाओं की सेवा करे ।
हम अपने आसपास की सफाई व्यवस्था का भी ध्यान रखें और यह सुनिश्चित करना चाहिए कि हमसे किसी को तकलीफ न पहुंचे और हमसे कोई परेशान न हो।




