लखनऊ — उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज विधानसभा में बिजली कटौती को लेकर विपक्ष के हंगामे पर तीखा हमला बोला और कहा कि वे लोग जो पहले सरकार में बिजली के तारों पर कपड़े सुखाते थे, आज वही विरोध कर रहे हैं। मुख्यमंत्री के इस टिप्पणिी का मकसद विपक्ष की आलोचना को नकारना और उनके दावों पर जवाब देना था।
योगी ने कहा कि बिजली आपूर्ति और उससे जुड़े फैसले सार्वजनिक हित में लिए जा रहे हैं और आरोपों को राजनीतिक रंग देने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि पिछली व्यवस्थाओं में अनियमितताओं और उस समय के रवैये के कारण समस्याें बढ़ीं, जबकि वर्तमान सरकार सुधार और बेहतर व्यवस्था के लिए काम कर रही है। उनका कथन विपक्ष के उस रवैये की ओर निशाना था जिसे वे दुरुपयोग या विघटनकारी बताते रहे हैं।
विपक्ष के नेता अभी तक मुख्यमंत्री के इस बयान पर विस्तृत प्रतिक्रिया नहीं दे पाए हैं; विधानसभा में हंगामा जारी रहा और चर्चा आगे चलने की उम्मीद है। विद्युत कटौती और उसके कारणों, जैसे आपूर्ति‑मांग संतुलन, तकनीकी खराबियां या नियोजित रोक, पर और जानकारी सरकारी विभागों से मिल सकती है।




