नई दिल्ली । इस साल नवरात्र और रमजान एक साथ आ रहे हैं। 22 मार्च को घट स्थापना होगी। रमजान की चांद रात भी 22 को ही होगी। ज्योतिषियों को अनुसार, चैत्र नवरात्र 22 मार्च से शुरू हो रहे हैं। इस बार मातारानी का आगमन नौका से होगा जिसे शुभ संकेत माना गया है। नौका पर माता का आगमन 110 साल बाद हो रहा है। इससे पहले 1913 में माता रानी नाव पर सवार होकर आईं थीं। चैत्र नवरात्र के साथ ही हिंदू नववर्ष का शुरू हो जाएगा। इस बार की चैत्र नवरात्र को बेहद खास माना जा रहा है क्योंकि ये पूरे 9 दिन होगी। 22 से लेकर 30 मार्च तक नवरात्र है। 31 मार्च को दशमी के दिन पारण होगा।
ज्योतिषाचार्यों के अनुसार चैत्र नवरात्र से तीन दिन पहले 19 मार्च को दोपहर 11.16 से पंचक शुरू हो रहे हैं। पंचक का समापन 23 मार्च दोपहर 2.09 पर होगा। पंचक में कुछ कार्य वर्जित रहते हैं।
खालिद उस्मानी, चीफ काजी राजस्थान, कन्वीनर सेंट्रल हिलाल कमेटी जयपुर राजस्थान का कहना है कि इस्लामी हिजरी 1444 वर्ष का 9वां महीना पवित्र रमजान शुरू होने जा रहा है। यदि 22 मार्च को शाबान की 29 तारीख यानी चांद रात को चांद दिखाई दिया तो 23 मार्च को रमजान महीने की पहली तारीख और पहला रोजा होगा। चांद दिखाई देते ही तराबी की नमाज शुरू हो जाएगी।




