शिया वक्फ बोर्ड का चुनाव 20 अप्रैल को होना है ।इसका नामांकन 17 अप्रैल रखा गया है।
लेकिन सरकार ने जिन आठ पदों पर चुनाव के लिए अधिसूचना जारी की है।
उससे केवल मुतवल्ली कोटे के दो पदों पर ही चुनाव हो सकेगा।
सांसद विधायक व बार काउंसिल के दो- दो पदों पर चुनाव संभव इसलिए नहीं है ।क्योंकि इन पदों पर शिया सदस्य नहीं है। विधायक कोटे में दो सदस्य शिया मौजूद है ।
जिनमें से एक उत्तर प्रदेश सरकार में राज्यमंत्री, इसलिए वे सदस्य नहीं बन सकते।
दूसरे बुक्कल नवाब ऐसे में वह निर्विरोध सदस्य बन जाएंगे ।
इसलिए वक़्फ अधिनियम 1995 के अनुसार जब वर्तमान सांसद नहीं होता तो पूर्व सांसद नामित किए जा सकते हैं ।
इसी तरह राज्य बार काउंसिल में भी जब शिया समुदाय के सदस्य ना हो तो वरिष्ठ अधिवक्ता को नामित किया जा सकता है ।
11 सदस्य बोर्ड में 8 सदस्यों का चुनाव होता है ।
जबकि तीन सदस्य सरकार नामित करती है। इनमें एक सुन्नी समाजसेवक ,एक मुस्लिम /इस्लाम का पूर्ण जानकारी ,वह एक अफसर कोटे का सदस्य भी होता है।