24/5/2020
ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली ख़ामेनेई ने शुक्रवार को कहा कि इसराइल एक ट्यूमर है जिसे हटाया जाना है।
साथ ही उन्होंने फ़लस्तीन को ईरान से हथियार भेजने का भी समर्थन किया है। दूसरी तरफ़, अमरीका, यूरोपीय संघ और इसराइल ने ईरान के इस बयान की कड़ी आलोचना की है।
इसराइल का विरोध शिया बहुल ईरान में एक बड़ा मुद्दा है। इसराइल के साथ अमन का विरोध करने वाले फ़लस्तीनी और लेबनान के सशस्त्र गुटों को ईरान का समर्थन हासिल रहा है। ईरान ने आज तक इसराइल को मान्यता नहीं दी है।
समाचार एजेंसी रॉयटर्स के मुताबिक़ अयातुल्लाह अली ख़ामनेई ने कहा, “क्षेत्र में यहूदियों की हुकूमत एक ट्यूमर की तरह है जो जानलेवा और नासूर बन गया है। बेशक इसे एक दिन नेस्तनाबूद कर दिया जाएगा।
ख़ामेनेई ने रमज़ान के आख़िरी जुमे के दिन एक ऑनलाइन भाषण में ये बात कही।