श्रीनगर की हजरतबल दरगाह में ईद-ए-मिलाद के मौके पर अशोक स्तंभ की शिलापट्टिका तोड़े जाने की घटना ने तनाव पैदा कर दिया। स्थानीय लोगों ने इसे इस्लाम के खिलाफ बताकर विरोध किया, जिसके बाद भीड़ ने शिलापट्ट पर पथराव कर राष्ट्रीय प्रतीक को नुकसान पहुंचाया। जम्मू-कश्मीर वक्फ बोर्ड की अध्यक्ष डॉ. दरख्शां अंद्राबी ने इसे आतंकी हमला करार देते हुए दोषियों के खिलाफ FIR और सख्त कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने 30 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया और जांच शुरू की। घटना के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गए, जिससे राजनीतिक विवाद भी गहरा गया। नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेताओं ने धार्मिक भावनाओं का हवाला देते हुए विरोध जताया, जबकि प्रशासन ने शांति बनाए रखने की अपील की।[](
**अन्य उदाहरण:**
– **अलीगढ़ में दरगाह में तोड़फोड़**: अराजक तत्वों ने दरगाह में तोड़फोड़ की, जिससे मुस्लिम समुदाय में आक्रोश फैला। पुलिस ने मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू की।
– **कठुआ में मस्जिद की खिड़कियों को नुकसान**: कठुआ में मस्जिद की खिड़कियों को नुकसान पहुंचाया गया। पुलिस ने दो लोगों को गिरफ्तार किया।
– **जम्मू-कश्मीर में मस्जिद पर हमला**: मस्जिद को नुकसान पहुंचाने की कोशिश पर पुलिस ने केस दर्ज किया और सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया।
**प्रशासन की कार्रवाई**: पुलिस ने सभी मामलों में FIR दर्ज की और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई शुरू की। प्रशासन ने शांति बनाए रखने के लिए अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए और लोगों से शांति की अपील की।[](

