केरल में केस आने के एक महीने बाद कोरोना पाकिस्तान पहुंचामार्च के अंत तक पाकिस्तान में लॉकडाउन लागू कर दिया गयाबांग्लादेश में कोरोना वायरस मार्च की शुरुआत में ही आ गया
दक्षिण एशिया में कोरोना महामारी से कुल प्रभावित आबादी पर गौर करें तो भारत की हालत सबसे खराब है. पड़ोसी देशों के आंकड़ों से पता चलता है कि पाकिस्तान और बांग्लादेश में महामारी फैली तो दोनों देश तेजी से चपेट में आए, लेकिन अब दोनों देशों में महामारी की लहर शांत होती दिख रही है.
केरल में पहला केस आने के एक महीने बाद कोरोना पाकिस्तान पहुंचा था. पाकिस्तान में महामारी पश्चिम एशिया से आए यात्रियों के साथ आई. भारत की ही तरह वहां भी शुरुआत में तबलीगी जमात से जुड़े क्लस्टर के जरिए वायरस फैला. मार्च के अंत तक पाकिस्तान में लॉकडाउन लागू हुआ, लेकिन एक महीने में प्रतिबंध हटा दिए गए और स्थानीय स्तर पर प्रतिबंध लगाए गए, जिसके चलते केसों में और वृद्धि हुई.
बांग्लादेश में कोरोना वायरस मार्च की शुरुआत में ही आ गया और लगभग दो महीने तक लॉकडाउन रहा. भारत की तरह ही इसके दक्षिण एशियाई पड़ोसियों में भी सबसे बड़े शहर ही महामारी का केंद्र बने- पाकिस्तान में लाहौर, कराची, इस्लामाबाद, और बांग्लादेश में ढाका.