उत्तर भारत में मूसलाधार बारिश का कहर जारी है, जिससे हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, और राजस्थान में व्यापक तबाही हुई है। इन राज्यों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है और स्कूलों में छुट्टियां घोषित कर दी गई हैं।
*प्रभावित राज्य और जिले:*
– *हिमाचल प्रदेश*: 310 सड़कें बंद, 103 लोगों की मौत, और 36 लोग लापता। मंडी जिले में बादल फटने से एक परिवार के तीन लोगों की मौत।
– *उत्तराखंड*: सात जिलों में भारी बारिश का अलर्ट, स्कूल बंद। उत्तरकाशी में बादल फटने से 20-25 होटल और होम स्टे बह गए, 50 लोग लापता, और चार की मौत।
– *उत्तर प्रदेश*: 13 जिले बाढ़ की चपेट में। वाराणसी के 44 गांव जलमग्न, 343 घर ढहे। गंगा और यमुना नदियाँ खतरे के निशान से ऊपर।
– *राजस्थान*: सवाई माधोपुर जिले में भारी बारिश के बाद हालात बिगड़ने लगे हैं। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने हवाई सर्वेक्षण किया और क्षतिग्रस्त पुलों का निरीक्षण किया।
– *बिहार*: 25 लाख लोग प्रभावित, 11 लोगों की मौत। नवगछिया में रिंग बांध का 70% हिस्सा बह गया।
– *महाराष्ट्र*: मुंबई में लोकल ट्रेनें बाधित, सड़कों पर जलभराव। चंद्रपुर में 25 गाँवों का संपर्क टूटा।
– *मध्य प्रदेश*: गुना में 70 साल पुराना डैम टूटा, न्यू सिटी कॉलोनी जलमग्न। उज्जैन में दीवार ढहने से वाहन दबे।
– *पूर्वोत्तर राज्य*: 19 लोगों की मौत, 12,000 से अधिक प्रभावित। मणिपुर में सड़कों पर कमर तक पानी, मिजोरम में भूस्खलन से घर और होटल ढहे।
– *कर्नाटक*: रेड अलर्ट, बाढ़ जैसे हालात। स्कूल-कॉलेज 11-12 जुलाई तक बंद।
– *केरल*: बाढ़ की स्थिति, रेड अलर्ट।
*सरकारी प्रयास:*
– *बिहार*: मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने राहत कार्यों की समीक्षा की, अनुग्रहिक राहत राशि और फसल क्षति मुआवजा वितरण के निर्देश।
– *राजस्थान*: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने हवाई सर्वेक्षण किया, राहत कार्यों के लिए निर्देश।
– *उत्तराखंड*: NDRF, SDRF, और जिला प्रशासन राहत कार्य में जुटे।
– *हिमाचल*: प्रशासन ने लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाया, बिजली आपूर्ति बहाली की कोशिश।




