Home / चर्चित चेहरे / इमामे हसन की यौमे पैदाइश मुबारक हो,

इमामे हसन की यौमे पैदाइश मुबारक हो,

Spread the love

ख़ातुमुन नबी मोहम्मद मुस्तफ़ा सल्लल्लाहु अलैहि की बेटी के घर उस रब्बुल इज़्ज़त ने आप की नस्ल को बढ़ाने के वादे के तहत औलाद अता की,
ख़ातुमुन नबी बहुत खुश हुए,
और आप ने अल्लाह का शुक्रिया अदा किया,
आपने अपने नाती का नाम “हसन”अर्थ
(सुंदर,अच्छा,उपकारी) रखा,
आप हसन को बहुत प्यार करते थे,
अपने हसन के लिए कहा हसन मेरे आखों का नूर और जिगर का टुकड़ा हैं,
जिसने हसन को तकलीफ दी,
उसने मुझको तकलीफ दी,
आप इमामे हसन को (मुबाहिला) मे अपने साथ ले गए l,
आपने कहा ये मेरे अहलेबैत हैं,
ख़ातुमुन नबी के दुनिया से पर्दा कर लेने के बाद,
आपने अपने घर पर आतंकवादी हमले होते अपनी आंखों से देखा,
मां फातिमा जहरा के जन्नत परवाज कर लेने के बाद
आपने अपने बाबा जान दमादे खातुमुन नबी पर रमज़ान के रोज़े मे मस्जिदे कुफा में फ़र्ज़ की नमाज के सजदे में आतंकवादी हमला
के बाद खून आलू दा देखा,
इमामे हसन ने नमाज अदा कराई ,
इसके बाद पहले इमाम इमाम अली की शहादत हो गई,
इमाम हसन को खलीफा बनाया गया,
आपको तथाकथित मुसलमान द्वारा परेशान किया गया,
अपने खलीफा पद शर्तों पर छोड़ने की ठान ली आपने माविया को संधि पत्र लिखा,
इस संधि के मुख्य बिंदु यह थे:
*उत्तराधिकार*:
मुआविया ने हसन को अपना उत्तराधिकारी नियुक्त करने का वादा किया।
– *वार्षिक भुगतान*:
मुआविया ने हसन को वार्षिक रूप से कुछ दिरहम देने का वादा किया।
– *सुरक्षा*: मुआविया ने शपथ ली कि वह हसन को नुकसान नहीं पहुंचाएगा।
– इसके समय पश्चात इमामे हसन को षड्यंत्र के तहत उनको शहीद कर दिया गया
आपको खातुमुन नबी के पास सुपरदे ख़ाक करने ले जाया जा रहा था,
तब दुश्मनों ने आप के शव पर 70 तीर से निशाना साधा जिससे आपका कफ़न खून से लाल हो गया,
आपको दोबारा ग़ुस्ल देखकर,
साफ कफन पहना कर दफन किया गया
आपके हजारों उपदेशों में से चन्द उपदेश

हर शख्स की कीमत उसकी इल्म से होती है

– अपने दिल को वाएज़ व नसीहत से जिंदा रखो

– सच्चाई से लज्जत शख्स कोई और मसर्रत नहीं

खामोशी से दिया हुआ. सदका खुदावन्दे आलम के गजब को खत्म करता है…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *