प्रयागराज :इलाहाबाद हाई कोर्ट ने एक फैसले में कहा है कि बेटे की तरह बेटी भी परिवार का हिस्सा होती है। चाहे शादीशुदा हो या ग़ैर शादीशुदा। हाईकोर्ट ने मृतक आश्रित सेवा नियमावली में शादीशुदा शब्द को सेक्स के आधार पर भेद करने वाला मानते हुए असंवैधानिक घोषित कर दिया है ।तो पुत्र के आधार पर आश्रित की नियुक्ति पर विचार किया जाएगा। कोर्ट ने यह भी कहा कि इसके लिए नियम संशोधित करने की जरूरत नहीं है। कोर्ट ने मृतक आश्रित के रूप में शादीशुदा महिला की नियुक्ति देने से इनकार करने के आदेश को रद्द कर दिया साथ ही साथ संबंधित विभाग को 2 माह में निर्णय लेने का निर्देश दिया है।