नासा का बहुप्रतीक्षित आर्टेमिस-2 मिशन अब लॉन्च के लिए पूरी तरह तैयार है। यह मिशन अमेरिका के अंतरिक्ष कार्यक्रम में एक ऐतिहासिक पड़ाव माना जा रहा है, क्योंकि 1972 के बाद पहली बार चार अंतरिक्षयात्री चंद्रमा के लिए रवाना होंगे। इस मिशन के तहत कोई लैंडिंग नहीं होगी, बल्कि अंतरिक्षयान चंद्रमा के चारों ओर चक्कर लगाकर सुरक्षित रूप से पृथ्वी पर लौटेगा।
रिपोर्ट के अनुसार, यह मिशन बुधवार, 1 अप्रैल को लॉन्च किया जाना था, जबकि भारतीय समयानुसार इसकी लॉन्च विंडो 2 अप्रैल की सुबह 3:54 बजे से शुरू होने की बात कही गई है। इस उड़ान में तीन पुरुष और एक महिला अंतरिक्षयात्री शामिल हैं, जो नासा के अगले चंद्र अभियानों की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाएंगे।
आर्टेमिस-2 मिशन का मुख्य उद्देश्य चंद्रमा के वातावरण, अंतरिक्ष यान की क्षमता और मानव जीवन के लिए जरूरी तकनीकी तैयारियों की जांच करना है। इस दौरान अंतरिक्षयात्री चंद्रमा से कई हजार मील दूर तक जाएंगे, फिर यू-टर्न लेकर पृथ्वी की ओर लौट आएंगे। यह मिशन भविष्य में होने वाली चंद्रमा पर मानव लैंडिंग की तैयारी का अहम चरण माना जा रहा है।
नासा का कहना है कि यह केवल एक उड़ान नहीं, बल्कि अंतरिक्ष अन्वेषण के नए युग की शुरुआत है। आर्टेमिस कार्यक्रम के जरिए एजेंसी आने वाले वर्षों में चंद्रमा पर स्थायी मानव उपस्थिति और आगे चलकर मंगल मिशन की नींव मजबूत करना चाहती है।
आर्टेमिस-2 लॉन्च से पहले नासा की बड़ी तैयारी, 54 साल बाद फिर चंद्रमा की ओर मानव मिशन





